अशफाक कायमखानी, जयपुर (राजस्थान), NIT:

28-फरवरी को सीडब्ल्यूसी की मीटिंग होने के कारण फीडबैक लेने वाली मीटिंग ना होकर 26-27 फरवरी व एक मार्च को होने वाली उक्त बैठकों में पहले दिन चूरु, गंगानगर, झूंझुनू, नागोर, बीकानेर, सीकर, भरतपुर, करोली व टोक सहित 9 लोकसभा क्षेत्रों का फीडबैक लिया जायेगा। इसी तरह 27 फरवरी को भी 9 लोकसभा क्षेत्र एवं 1-मार्च को बाकी बची 7 लोकसभा क्षेत्रों का फीडबैक लिया जायेगा। प्रत्येक लोकसभा क्षेत्र के फीडबैक लेने का 45-मिनट का समय तय किया गया है।
कल से दिल्ली में राजस्थान से लोकसभा उम्मीदवार को लेकर पंजाब भवन में होने वाली फीडबैक मीटिंग में सबसे पहले सुबह 10 बजे चूरु, फिर 10.45 पर गंगानगर, 11.30 पर झूंझुनू, 1.15 पर नागौर, 2 बजे बीकानेर, 2.45 सीकर, 5 बजे भरतपुर, 5.45 करोली-धोलपुर व 6.30 पर टोंक-सवाईमाधोपुर के मामले मे सूनवाई होनी है। इसी तरह अगले दिन 27 फरवरी को भी अन्य 9 लोकसभा क्षेत्र व फिर एक मार्च को बाकी बचे अन्य 7 क्षेत्रों का फीडबैक लिया जायेगा।
हालांकि उम्मीदवार के इच्छुक नेताओं व उनके समर्थकों का दिल्ली में जमावड़ा होने लगा है। कल 26 फरवरी को जिन 9 लोकसभा क्षेत्रों का फीडबैक लिया जाना है उनके अधिकांश नेता दिल्ली पहुंच चुके हैं। कुछ नेता देर रात व कल सुबह तक पहुंच जायेंगे। उक्त फीडबैक लेने से पहले उम्मीदवारों को लेकर जिला स्तर पर प्रभारी मंत्री व प्रभारी सचिव की उपस्थिति में एवं फिर जयपुर में मुख्यमंत्री निवास पर भी अलग अलग दिन अलग अलग क्षेत्र के कार्यकर्ताओं को बूलाकर फीडबैक लिया जा चुका है।
26 फरवरी को जिन लोकसभा क्षेत्रों का फीडबैक लिया जाना है उनमें गंगानगर, बीकानेर, भरतपुर, करोली- धोलपुर अनुसूचित जाति के लिये आरक्षित है बाकी चूरु, झूझूनु, सीकर, नागौर एक तरह से अघोषित रुप से जाट के लिये आरक्षित मानी जाती हैं। टोंक सवाईमाधोपुर से नमोनारायण मीणा सांसद रह चुके हैं पर 2014 में टोंक से अजहरुद्दीन उम्मीदवार थे।
कांग्रेस के सूत्रों के नुसार बताया जाता है कि कल फीडबैक लेने वाले क्षेत्रों में से दो-तीन क्षेत्रों को छोड़कर बाकी क्षेत्रों मे उम्मीदवार लगभग तय हैं जिनमें गंगानगर से भरत मेघवाल, बीकानेर से रेवतराम, सीकर से सुभाष महरिया, झूंझुनू से राजबाला ओला तय बताए जा रहे हैं। चूरु अगर मुस्लिम सीट नहीं होती हैै तो रामेश्वर डुडी, नरेश गोदारा व सुचित्रा आर्य में से तय होना है। जबकि नागौर से अब तक ज्योति मिर्धा तय बताए जा रहे हैं लेकिन रिछपालसिंह मिर्धा, हरेंद्र मिर्धा, एच.आर कूड़ी व के.राम ने भी पूरा जोर लगा रखा है। टोंक-सवाईमाधोपुर से पहले तो नमोनारायण मीणा व वैभव गहलोत के नाम चल रहे थे लेकिन दो तीन दिन से गुजर नेता कर्नल किरोड़ी भेंसला व उसके पुत्र के नाम भी उछाले मारने लगा है।
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