संदीप शुक्ला, ब्यूरो चीफ ग्वालियर (मप्र), NIT:

इस प्रोग्राम में यह बताया गया कि अगर राह चलते किसी व्यक्ति को सडन कार्डीऐक अरेस्ट हो जाए तो वहां मौजूद लोग जो की आम नागरिक भी हो सकते है द्वारा ऐसा क्या कुछ किया जाए जिससे की उस व्यक्ति की जान मेडिकल फ़ैसिलिटी मिलने के पहले कैसे बचाई जा सके।
इस प्रोग्राम में ग्वालियर के सभी नर्सिंग होम के स्टाफ़ कैन्सर व सीमस हॉस्पिटल के स्टाफ़ एर्पॉर्ट सिक्यरिटी में लगे CISF के जवान जिले के सभी खेलों के कोच शामिल थे।
इस प्रोग्राम में डॉक्टर अनंत केतकर कैन्सर hospital डायरेक्टर डॉक्टर बीआर श्रीवास्तव IAP India, पूर्व प्रेज़िडेंट डॉक्टर सी पी बंसल मौजूद थे।
इन्स्ट्रक्टर के रूप में डाक्टर जेसी गर्ग, डॉक्टर ऊषा बाँगा, डॉक्टर रश्मि गुप्ता, डॉक्टर अजय उपाध्याय, डॉक्टर प्रवीण मित्तल, डॉक्टर प्रकाश आर्य, डॉक्टर घंश्याम दास आदि मौजूद थे।
इस कर्यक्रम में क़रीब 400 लोगों ने हिस्सा लिया।
अंत में आभार प्रदर्शन डॉक्टर दिनेश मजूमदार ने किया।
प्रोग्राम कोऑर्डिनेटर डॉक्टर अजय उपाध्याय ने बताया के आगे भी इस तरह के प्रोग्राम होते रहेंगे। उन्होंने बताया कि अगर राह चलते किसी व्यक्ति को cardiac अरेस्ट हो जाए तो हम सहायता के लिए 112 नम्बर पर लगा सकते है। यह भारत का नेशनल इमरजेंसी नम्बर है।
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