
मुख्य सचिव ने कहा कि अक्सर कृषि संबंधी अपशिष्ट जलाने पर जुर्माने जैसी कड़ी कार्रवाई की जाती है, लेकिन यह इसका स्थायी निदान नहीं है। जैवईंधन नीति से अब कंपनियां किसानों से कृषि अपशिष्ट खरीदेंगी। जिससे मशीनों के जरिये बायोएथनॉल बनाया जाएगा जो पेट्रोल की तरह ऊर्जा का कार्य करेगा।
पांडेय ने कहा कि इससे किसानों को भी आर्थिक लाभ होगा तथा प्रदूषण की समस्या का भी काफी हद तक निदान हो सकेगा। कार्यशाला की अध्यक्षता केन्द्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के अध्यक्ष डॉ0 भूरे लाल ने की। कार्यशाला में कई जिलों के जिलाधिकारियों ने प्रदूषण नियंत्रण के लिए उठाये गये कदमों की विस्तृत जानकारी दी तथा सुझाव भी दिये।
The post उत्तर प्रदेश में जल्द लागू होगी जैव ईंधन नीति ….. appeared first on News85.in.
from News85.in https://ift.tt/2wSkUbG
Social Plugin