ग्वालियर। मप्र के ग्वालियर में रहने वाले ग्रामीण यांत्रिकी सेवा रिटायर्ड एसडीओ सीताराम शाक्य के बेटे सचिन (25) की उसी के दाे दोस्तों ने गला घोंटकर हत्या कर दी। दोनों आरोपियों के साथ एक युवती भी थी, जिसे एक आरोपी अपनी चचेरी बहन बताता है। उसी के जन्मदिन की पार्टी मनाने के बहाने आरोपी सचिन को सोमवार की शाम घर से बुलाकर कैंसर पहाड़ी पर ले गए थे।
पुलिस ने एक आरोपी वीरेंद्र परिहार निवासी सागरताल चौराहा को अपनी गिरफ्त में ले लिया है। उसने सचिन की हत्या को अंजाम देने से लेकर उसके शव को सिंध नदी में फेंकने तक की वारदात कबूल भी कर ली है। जबकि दूसरा आरोपी वीरेंद्र शर्मा और उसकी चचेरी बहन नेहा गायब है। इनकी तलाश की जा रही है। पकड़े गए आरोपी ने हत्या की वजह शराब के नशे में हुआ झगड़ा बताई है लेकिन पुलिस इसमें आशनाई का एंगल भी देख रही है।
कोटेश्वर मंदिर के पीछे रहने वाला सचिन शाक्य बीटेक कर चुका था। उसकी नौकरी भी लग गई थी, लेकिन लॉकडाउन के चलते ज्वाइन नहीं कर पाया। सचिन की सागरताल चौराहा पर रहने वाले वीरेंद्र परिहार और इंद्राकॉलोनी निवासी वीरेंद्र शर्मा से दोस्ती थी। वीरेंद्र इंद्रा कॉलोनी में किराए से रहता है। नेहा, जिसे वह चचेरी बहन बताता है, उसके ही साथ रहती है। सोमवार शाम को इऩ लाेगाें ने सचिन फाेन किया तो सचिन कार लेकर घर से निकल गया। कुछ देर बाद सचिन के छोटे भाई राहुल ने उसे फोन किया तो सचिन ने बताया कि वह वीरेंद्र की बहन नेहा का जन्मदिन की पार्टी मनाने जा रहा है।
वीरेंद्र परिहार भी उसके साथ है। देर रात तक सचिन नहीं लौटा तो राहुल ने उसे फाेन लगाया लेकिन माेबाइल स्विच्ड ऑफ मिला। इसके बाद राहुल अपने रिश्तेदार के साथ वीरेंद्र परिहार के घर पहुंचा। यहां वीरेंद्र साफ मुकर गया कि सचिन उसके साथ गया ही नहीं था। तब ये लोग थाने पहुंचे। वहां गुमशुदगी दर्ज कराने वक्त वीरेंद्र परिहार की बाताें पर संदेह भी व्यक्त किया। सीएसपी ग्वालियर नागेंद्र सिंह सिकरवार ने बताया कि वीरेंद्र पर मंगलवार को निगाह रखी। देर रात उसे राउंड अप कर जब पूछताछ की तो उसने सच बता दिया। उसने बताया कि उसने वीरेंद्र शर्मा और नेहा शर्मा के साथ मिलकर सचिन की कैंसर पहाड़ी पर हत्या कर लाश सिंध नदी में फेंक दी थी। यह जानकारी मिलने के बाद फोरेंसिक एक्सपर्ट डॉ.अखिलेश भार्गव के साथ पुलिस लिधोरा पहुंची।
यहां सिंध नदी में सचिन की लाश मिल गई। परिवार दो दिन तक बोलता रहा, बहन को शर्ट पर मिले थे खून के धब्बे: मृतक की बहन बबीता शाक्य ने बताया कि सचिन के घर नहीं पहुंचने पर हम लोग रात में ही वीरेंद्र परिहार के घर पहुंचे थे। उसकी शर्ट पर खून का धब्बा और चेहरे पर नाखून के निशान थे। वहीं, वीरेंद्र शर्मा व नेहा घर से गायब मिले। इसकी जानकारी पुलिस को दे दी थी लेकिन पुलिस दो दिन तक घुमाती रही। मंगलवार की रात हम लोग जब फिर थाने पहुंचे तब वीरेंद्र को गिरफ्त में लिया।
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